थाना मुण्डाली और साइबर सेल की संयुक्त कार्रवाई: सोशल मीडिया पर हैंडिक्राफ्ट व डेकोरेशन का झांसा देकर ठगी करने वाले 04 अभियुक्त गिरफ्तार, कब्जे से मोबाइल, सिमकार्ड और ठगी में प्रयुक्त सामान बरामद
थाना मुण्डाली और साइबर सेल की संयुक्त कार्रवाई: सोशल मीडिया पर हैंडिक्राफ्ट व डेकोरेशन का झांसा देकर ठगी करने वाले 04 अभियुक्त गिरफ्तार, कब्जे से मोबाइल, सिमकार्ड और ठगी में प्रयुक्त सामान बरामद
Mundali police station and cyber cell jointly conduct operation: Four individuals arrested for allegedly cheating people on social media by offering handicrafts and decorations; mobile phones, SIM cards and other items used in the fraud recovered.
Meerut Akshay chaudhary
थाना मुण्डाली पुलिस एवं साइबर सैल द्वारा संयुक्त रूप से कार्यवाही करते हुए i4c (Indian Cyber Crime Coordination Center) के तहत संचालित प्रतिबिंब पोर्टल पर लम्बित साइबर फ्रॉड और धोखाधड़ी की शिकायतों का निरीक्षण किया। पोर्टल पर अपराधियों द्वारा उपयोग किए गए मोबाईल नंबर और IMEI नंबरों की ट्रेसिंग के दौरान पता चला कि ये नंबर थाना मुण्डाली क्षेत्र में सक्रिय हैं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मेरठ के निर्देशानुसार पुलिस अधीक्षक ग्रामीण/पुलिस अधीक्षक अपराध मेरठ के कुशल मार्गदर्शन में व क्षेत्राधिकारी किठौर के निकट पर्यवेक्षण में थाना मुण्डाली व साइबर सैल टीम द्वारा संयुक्त रूप से कार्यवाही कर अपराधियों की पतारसी, सुरागरसी और सर्विलांस सहायता से कार्यवाही करते हुए 04 अभियुक्तगण सलमान, सलीम, मतलूब और जीशान को गिरफ्तार किया गया तथा उनके कब्जे से मोबाईल फोन, सिम कार्ड और ठगी में प्रयुक्त हैण्डीक्राफ्ट व डेकोरेशन सामान बरामद किया।
*अपराध करने का तरीका / पूछताछ का विवरण:*
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे फेसबुक और व्हाट्सएप के माध्यम से अन्य राज्यों और जनपदों के व्यक्तियों को डेकोरेशन का सामान सस्ते दाम में देने का झांसा देकर ठगी करते थे। इसके लिए इन्होंने फेसबुक/इंस्टाग्राम पर अलग अगल नामों से आईडी/पेज बनाकर VIDMATE APP के माध्यम से पहले से अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर डाली गई वीडियो और फोटो को डाउनलोड करके एडिट कर अपने नंबर के साथ उक्त फेसबुक/इंस्टाग्राम आईडी पर पोस्ट कर देते थे । इन विज्ञापनों को देखकर लोग हमसे स्वयं संपर्क करते थे, फिर WhatsApp पर डेकोरेशन सामान की फोटो भेजकर पसंद करवाकर Google Pay/Phone Pe के माध्यम से पैसे ले लिए जाते थे, लेकिन सामान ग्राहक तक नहीं पहुंचाया जाता था। आरोपियों ने स्वीकार किया कि उनका गाँव पूरे देश में डेकोरेशन और झूमर आदि के लिए प्रसिद्ध है, जिसका लाभ उठाकर वे यह ठगी का काम करते थे।