शारदीय नवरात्र की अष्टमी पर विवेक रिजॉर्ट में होगी मां महागौरी की भव्य महाआरती

शारदीय नवरात्र की अष्टमी पर विवेक रिजॉर्ट में होगी मां महागौरी की भव्य महाआरती

मेरठ संवाददाता: अक्षय चौधरी
On the eighth day of Sharadiya Navratri, a grand Maha Aarti of Maa Mahagauri will be held at Vivek Resort.

 

 

शारदीय नवरात्र की पावन बेला में अष्टमी के शुभ अवसर पर 18 अक्टूबर को मां महागौरी जी की भव्य महाआरती का आयोजन विवेक रिजॉर्ट, बाफर में किया जाएगा। शाम करीब 6:30 बजे आयोजित होने वाले इस धार्मिक कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और क्षेत्रवासियों के शामिल होने की उम्मीद है।

 

कार्यक्रम की विशेषता मराठी नगाड़ों की गूंज और रणभेदी शंखनाद होगा, जिसकी व्यवस्था आयोजन टीम द्वारा की जा रही है। आयोजन का उद्देश्य श्रद्धालुओं को एकजुट कर सामूहिक रूप से मां महागौरी का वंदन, पूजन और गुणगान करना है।

 

 

आयोजकों ने क्षेत्र के सभी सम्मानित नागरिकों, धर्मप्रेमियों और भक्तजनों से अपील की है कि वे इस भव्य महाआरती में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर मां का आशीर्वाद प्राप्त करें।

 

 

आयोजकों ने कहा कि मां महागौरी की असीम कृपा से सभी के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली बनी रहे। इसी मंगलकामना के साथ नवरात्र की अष्टमी पर इस विशेष धार्मिक आयोजन को भव्य रूप देने की तैयारियां की जा रही हैं।

एनसीसी कैडेट्स ने चलाया स्वच्छता अभियान एवं निकाली स्वच्छता जागरुकता पदयात्रा 

एनसीसी कैडेट्स ने चलाया स्वच्छता अभियान एवं निकाली स्वच्छता जागरुकता पदयात्रा

मेरठ संवाददाता: अक्षय चौधरी

NCC cadets launched a cleanliness drive and organised a cleanliness awareness walk.

शहीद मंगल पांडे राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय, माधवपुरम मेरठ की महाविद्यालय की एन०सी०सी० इकाई द्वारा गांधी जयंती के अवसर पर आयोजित स्वच्छोत्सव कार्यक्रम में 22 यूपी गर्ल्स बटालियन मेरठ के कमांडिंग आफिसर कर्नल होपेंदर ठाकुर तथा महाविद्यालय प्राचार्य डा० अंजू सिंह के संरक्षण तथा एनसीसी अधिकारी कैप्टन (प्रो.) लता कुमार के नेतृत्व में ‘स्वच्छता पखवाड़े’ के अंतर्गत वृहत स्वच्छता अभियान चलाया गया और विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया । सर्वप्रथम कैडेट्स ने स्वच्छता जागरूकता के तहत ‘ स्वच्छ उत्सव, हरित उत्सव‘ पदयात्रा का आयोजन किया जिसका शुभारंभ महाविद्यालय प्राचार्य प्रो अंजू सिंह ने हरी झण्डी दिखाकर किया । पद यात्रा महाविद्यालय परिसर से निकालकर माधवपुरम सेक्टर-3 में होते हुए वापस महाविद्यालय में समाप्त हुई । पदयात्रा के माध्यम से क्षेत्रवासियों को स्वच्छता का महत्व समझाया गया और आसपास के वातावरण को स्वच्छ रखने के लिए प्रेरित किया गया। कैडेट्स ने इस अवसर पर ‘स्वच्छता से समृद्धि’ विषय पर आकर्षक पोस्टर और स्लोगन का निर्माण किया । महाविद्यालय प्राचार्य ने सभी पोस्टर और स्लोगन का अवलोकन किया ।

​इसके पश्चात कैडेट्स ने सामुदयिक सेवा के तहत माधवपुरम स्थित पब्लिक पार्क में ‘सिंगल यूज प्लास्टिक फ्री भारत’ के तहत प्लास्टिक एकत्रित कर स्वच्छता अभियान भी चलाया । कैडेट्स ने एनसीसी अधिकारी कैप्टन लता कुमार के साथ पार्क में वृक्षारोपण भी किया और अपने घरों के आसपास पौधे लगाने का संकल्प भी लिया । अभियान का नेतृत्व महाविद्यालय एनसीसी अधिकारी कैप्टन लता कुमार ने किया और कैडेट्स को लगाने के लिए पौधे वितरित किए । महाविद्यालय प्राचार्य प्रोफेसर (डॉ.) अंजू सिंह ने कैडेट्स के प्रयासों की सराहना की । अभियान में 40 कैडेट्स ने सहभागिता की।

दशमोत्तर छात्रवृत्ति के लिए आधार मैपिंग व ई-केवाईसी जल्द कराएं

दशमोत्तर छात्रवृत्ति के लिए आधार मैपिंग व ई-केवाईसी जल्द कराएं

Get Aadhaar mapping and e-KYC done soon for post-matric scholarships.

संवाददाता :अक्षय चौधरी ,मोबाइल नंबर:9639100100

 

मेरठ, 11 सितंबर। वित्तीय वर्ष/शैक्षिक सत्र 2025-26 में दशमोत्तर छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति योजना के तहत छात्र-छात्राओं से आधार मैपिंग और ई-केवाईसी की प्रक्रिया जल्द पूरी कराने की अपील की गई है।

 

 

जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी सुनील कुमार सिंह ने बताया कि अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, सामान्य, अन्य पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक वर्ग के ऐसे छात्र-छात्राएं, जिनके छात्रवृत्ति आवेदन पत्र पीएफएमएस के माध्यम से रिजेक्ट हुए हैं, वे अपने संबंधित बैंक से संपर्क करें।

 

 

 

उन्होंने बताया कि बैंक खाते में आधार मैपिंग, ई-केवाईसी अथवा अन्य कोई प्रक्रिया लंबित होने पर उसे शीघ्र पूरा करा लें। इससे छात्रवृत्ति की धनराशि प्राप्त करने में किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी।

वृहद रोजगार मेले में 1759 युवाओं को नौकरी के ऑफ़र लेटर बांटे.

वृहद रोजगार मेले में 1759 युवाओं को नौकरी के ऑफ़र लेटर बांटे.

Job offer letters were distributed to 1759 youth in the mega employment fair.

संवाददाता :अक्षय चौधरी मोबाइल नंबर:9639100100

 

आज, क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय मेरठ और विनायक विद्यापीठ मोदीपुरम मेरठ ने मिलकर एक महा रोजगार मेला – 2026 आयोजित किया। यह मेला विधानसभा स्तर पर आयोजित किया गया। मेले के उद्घाटन समारोह में चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के डिप्टी रजिस्ट्रार डॉ. सत्य प्रकाश शामिल हुए और समापन समारोह में मेरठ कैंट के विधायक माननीय श्री अमित अग्रवाल के द्वारा नियुक्ति पत्र वितरण किया गया।

संस्थान की प्रिंसिपल डॉ. अनुप्रीता शर्मा, निदेशक इंजी. विकास कुमार, ट्रेनिंग और प्लेसमेंट हेड प्रवीन शर्मा और क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय के डिप्टी डायरेक्टर शशि भूषण उपाध्याय ने गुलदस्ते देकर अतिथियों का स्वागत किया।

 

कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि द्वारा देवी सरस्वती के सामने दीप प्रज्वलित करने के साथ हुई। इसके बाद उन्होंने कंपनी के अधिकारियों से मुलाकात की और इस महा रोज़गार मेले के लिए प्रतिभागियों को शुभकामनाएं दीं। इंटरव्यू की प्रक्रिया कंपनी के अधिकारियों द्वारा प्रतिभागियों की योग्यता की जांच करने और उन्हें चुनने के साथ शुरू हुई। इस महा रोजगार मेले में 38 राष्ट्रीय स्तर की कंपनियों ने भाग लिया और 2610 अभ्यार्थियों प्रतिभा किया और 1759 को अलग-अलग पदों के लिए शार्टलिस्ट किया, जिनकी सैलरी ₹10,000 से ₹35,000 के बीच थी। कंपनियों ने इस महा रोजगार मेले में पूरी तरह से मुफ़्त प्रक्रिया के माध्यम से चयन प्रक्रिया पूरी की।

 

कार्यक्रम के अंत में, मुख्य अतिथि अमित अग्रवाल ने अपने संबोधन में युवाओं को आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया और चुने गए युवाओं को नियुक्ति पत्र बांटकर उनका हौसला बढ़ाया। श्री अग्रवाल ने कई उद्धरणों के माध्यम से युवाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि विकसित और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में उनकी भूमिका अग्रणी है।कार्यक्रम में संस्थान के कई अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति शामिल हुए, जिन्होंने इस आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। कार्यक्रम के समापन पर, कॉलेज की प्राचार्या डॉ अनुप्रीता शर्मा ने सभी कंपनियों, मेहमानों और उम्मीदवारों का आभार व्यक्त किया और कहा कि भविष्य में भी ऐसे रोज़गार-उन्मुख कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि युवाओं को बेहतर अवसर मिल सकें। क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय के सहायक निदेशक शशि भूषण उपाध्याय ने कहा कि रोजगार मेला युवाओं के लिए रोजगार के साथ-साथ अपने करियर को नई दिशा देने का महत्वपूर्ण मंच है। इस प्रकार के आयोजनों से एक ओर युवाओं को प्रतिष्ठित कंपनियों से सीधे जुड़ने का अवसर मिलता है, वहीं दूसरी ओर उद्योगों को योग्य एवं प्रतिभाशाली मानव संसाधन उपलब्ध होता है।”

 

मंच का संचालन मैनेजमेंट विभाग अध्यक्ष सुनील कुमार ने कुशलतापूर्वक किया। कार्यक्रम में सेवायोजन विभाग के जिला सेवायोजन अधिकारी सचिन कुमार सिंह, ईश्वर सिंह, राजीव सपरा,सुदर्शन गिरि, अनिल वर्मा प्रद्युम्न दीक्षित की भूमिका सराहनीय रही।

जीआरपी मेरठ सिटी की बड़ी सफलता, 33 गुमशुदा मोबाइल बरामद कर असली मालिकों को लौटाए

जीआरपी मेरठ सिटी की बड़ी सफलता, 33 गुमशुदा मोबाइल बरामद कर असली मालिकों को लौटाए

संवाददाता: अक्षय चौधरी Mob no.9639100100

Meerut City GRP achieves major success, recovers 33 lost mobile phones and returns them to their original owners

 

मेरठ। रेलवे यात्रियों के चेहरों पर मुस्कान लौटाने वाली कार्रवाई में जीआरपी मेरठ सिटी पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस टीम ने ट्रेनों और रेलवे स्टेशनों से गुम हुए 33 मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक स्वामियों को सुपुर्द कर दिए। बरामद मोबाइलों की कुल अनुमानित कीमत करीब 5 लाख 70 हजार रुपये बताई गई है।

पुलिस अधीक्षक रेलवे अनुभाग मुरादाबाद मोहितेश चन्द्र के निर्देशन में गुमशुदा मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में पुलिस उपाधीक्षक रेलवे अशोक कुमार सिसोदिया के निकट पर्यवेक्षण एवं प्रभारी निरीक्षक जीआरपी थाना मेरठ सिटी विशाल सांगरी के निर्देशन में पुलिस टीम ने तकनीकी माध्यमों और सर्विलांस की मदद से लगातार मोबाइलों की तलाश की।

 

 

कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने आईफोन, सैमसंग, ओप्पो, वीवो, रियलमी, वनप्लस, रेडमी, मोटोरोला, पोको और नथिंग समेत विभिन्न कंपनियों के कुल 33 मोबाइल फोन बरामद किए।

 

आवश्यक सत्यापन के बाद जब लंबे समय से खोए हुए मोबाइल उनके असली मालिकों को वापस सौंपे गए तो लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे। मोबाइल स्वामियों ने जीआरपी पुलिस का आभार व्यक्त करते हुए टीम की सराहना की।

 

 

बरामदगी में उपनिरीक्षक सोनू कुमार, हेड कांस्टेबल विकास कुमार और कांस्टेबल अतुल राजपूत ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

 

जीआरपी अधिकारियों ने बताया कि यात्रियों के गुम होने वाले मोबाइल फोन की बरामदगी का अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। साथ ही यात्रियों से अपील की गई है कि यात्रा के दौरान अपने मोबाइल और कीमती सामान की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें तथा सामान गुम होने पर तत्काल पुलिस को सूचना दें।

बिजली कटौती से नाराज लोगों ने नोएडा सेक्टर-63 थाने का किया घेराव, पुलिस ने समझाकर हटाया।

बिजली कटौती से नाराज लोगों ने नोएडा सेक्टर-63 थाने का किया घेराव, पुलिस ने समझाकर हटाया।

People angry over power cuts surrounded Noida Sector-63 police station, police removed them after convincing them.

 

नोएडा। बिजली कटौती और बिजली कनेक्शन से जुड़ी समस्याओं को लेकर नाराज लोगों ने नोएडा के सेक्टर-63 थाने का घेराव कर विरोध प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों के कारण मौके पर तनावपूर्ण स्थिति बन गई।

सूचना मिलने पर थाना प्रभारी और पुलिसकर्मियों ने मोर्चा संभाला और प्रदर्शन कर रहे लोगों को काफी मशक्कत के बाद समझा-बुझाकर वहां से हटाया। पुलिस अधिकारियों ने लोगों से शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की।

 

 

हालांकि सवाल यह भी उठ रहा है कि बिजली विभाग से संबंधित समस्या को लेकर पुलिस थाने का घेराव करना कितना उचित है। प्रदर्शनकारियों को अपनी मांगों और शिकायतों को लेकर संबंधित बिजली विभाग अथवा बिजली उपकेंद्र का घेराव करना चाहिए था, क्योंकि बिजली आपूर्ति और कनेक्शन से संबंधित कार्रवाई विद्युत विभाग के अधिकार क्षेत्र में आती है।

 

 

इसके बावजूद पुलिस ने कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारी निभाते हुए स्थिति को संभाला और लोगों को शांतिपूर्वक वहां से हटाया। हाल के दिनों में सेक्टर-63 क्षेत्र में बिजली कनेक्शन काटे जाने को लेकर विरोध प्रदर्शन की घटनाएं सामने आई हैं, जिनमें पुलिस को हस्तक्षेप कर भीड़ को नियंत्रित करना पड़ा।

 

 

अब देखना होगा कि बिजली विभाग लोगों की समस्याओं का समाधान किस प्रकार करता है और प्रभावित लोगों की मांगों पर क्या कार्रवाई होती है।

मेरठ में हल्की बारिश ने खोली नगर निगम की सफाई व्यवस्था की पोल

मेरठ में हल्की बारिश ने खोली नगर निगम की सफाई व्यवस्था की पोल

मेरठ संवाददाता :अक्षय चौधरी

Light rain in Meerut exposed the poor sanitation system of the Municipal Corporation.

 

मेरठ। प्रदेश सरकार जहां मेरठ को स्मार्ट सिटी बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है और समय-समय पर स्वच्छता अभियान चलाकर शहर को साफ-सुथरा रखने के दावे किए जाते हैं, वहीं जमीनी हकीकत इन दावों पर सवाल खड़े करती नजर आ रही है।

 

मेरठ में थोड़ी सी बारिश होते ही कई प्रमुख सड़कों पर जलभराव की स्थिति पैदा हो जाती है। इसका जीता-जागता उदाहरण मेरठ घंटाघर स्थित प्यारेलाल के सामने देखने को मिला, जहां बारिश के बाद सड़क पर पानी भर गया।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते नालों और जल निकासी व्यवस्था की उचित सफाई कराई जाए तो बारिश के दौरान होने वाले जलभराव से काफी हद तक राहत मिल सकती है। जलभराव के कारण राहगीरों और वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।

बारिश के बाद सामने आई यह तस्वीर नगर निगम की सफाई और जल निकासी व्यवस्था की तैयारियों पर सवाल खड़े कर रही है। अब देखना होगा कि नगर निगम इस समस्या का स्थायी समाधान कब तक करता है।

मेरठ के SSP अविनाश पांडेय का तबादला, बीबीजीटीएस मूर्ति होंगे नए कप्तान

मेरठ के SSP अविनाश पांडेय का तबादला, बीबीजीटीएस मूर्ति होंगे नए कप्तान

Meerut SSP Avinash Pandey transferred, BBGTS Murthy to be the new captain

मेरठ संवाददाता: अक्षय चौधरी

मेरठ। उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में हुए बड़े प्रशासनिक फेरबदल के तहत मेरठ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) अविनाश पांडेय का तबादला कर दिया गया है। उन्हें लखनऊ में पुलिस महानिदेशक मुख्यालय से संबद्ध किया गया है। शासन की ओर से 20 अगस्त की रात नौ आईपीएस अधिकारियों के तबादले की सूची जारी की गई।
अविनाश पांडेय की जगह 2015 बैच के आईपीएस अधिकारी बीबीजीटीएस मूर्ति को मेरठ का नया वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया है। मूर्ति इससे पहले झांसी के SSP के पद पर तैनात थे। अब मेरठ की कानून-व्यवस्था और पुलिस प्रशासन की जिम्मेदारी उनके कंधों पर होगी।
शासन के इस फेरबदल में मेरठ और झांसी समेत कई जिलों के पुलिस कप्तानों को बदला गया है। अविनाश पांडेय का मेरठ से लखनऊ स्थानांतरण ऐसे समय हुआ है, जब पिछले कुछ समय से मेरठ पुलिस से जुड़े कई मामले चर्चा में रहे हैं।
बीबीजीटीएस मूर्ति के सामने मेरठ में कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने, अपराध नियंत्रण और पुलिस की कार्यप्रणाली में बेहतर समन्वय की चुनौती होगी। अब सभी की निगाहें नए SSP के कार्यभार संभालने और उनकी प्राथमिकताओं पर रहेंगी।
मेरठ में अस्पतालों के अवैध निर्माण पर कार्रवाई पर उठे सवाल, एमडीए की कार्यप्रणाली पर स्थानीय लोगों ने जताई नाराजगी

मेरठ में अस्पतालों के अवैध निर्माण पर कार्रवाई पर उठे सवाल, एमडीए की कार्यप्रणाली पर स्थानीय लोगों ने जताई नाराजगी

Questions raised over action against illegal construction of hospitals in Meerut, locals expressed displeasure over the functioning of MDA

मेरठ संवाददाता :अक्षय चौधरी

मेरठ। जनपद में अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो रहे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि मेरठ विकास प्राधिकरण (एमडीए) के क्षेत्र में आने वाले कंकरखेड़ा पुल के नीचे लाइफ लाइन हॉस्पिटल का निर्माण बिना स्वीकृत मानचित्र के नियमों के विपरीत तेजी से कराया जा रहा है।

 

स्थानीय लोगों के मुताबिक, इस निर्माण को लेकर संबंधित विभाग की ओर से अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई दिखाई नहीं दी है। लोगों का आरोप है कि जहां एक ओर अवैध निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई के दावे किए जाते हैं, वहीं प्रभावशाली लोगों से जुड़े निर्माणों के मामले में कार्रवाई की गति बेहद धीमी नजर आती है।

 

बताया जा रहा है कि डॉ. टी.के. राना से जुड़े लाइफ लाइन हॉस्पिटल के निर्माण की अनुमति, स्वीकृत मानचित्र और भवन निर्माण से संबंधित दस्तावेजों की जांच की जानी चाहिए। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि निर्माण कार्य नियमों के विपरीत पाया जाता है तो एमडीए को नियमानुसार तत्काल कार्रवाई करनी चाहिए।

 

सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के बावजूद सवाल?

 

अवैध निर्माणों को लेकर सुप्रीम कोर्ट द्वारा समय-समय पर सख्त निर्देश दिए जाते रहे हैं। ऐसे में मेरठ में नियमों के विपरीत निर्माण होने के आरोपों पर संबंधित विभाग की जिम्मेदारी और अधिक महत्वपूर्ण हो जाती है। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर यह स्पष्ट किया जाए कि अस्पताल का निर्माण स्वीकृत मानचित्र के अनुसार हो रहा है या नहीं।

 

लोगों का यह भी कहना है कि यदि निर्माण में नियमों का उल्लंघन सामने आता है तो जिम्मेदार लोगों के साथ-साथ लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों की भूमिका की भी जांच होनी चाहिए।

 

राजस्व नुकसान का भी आरोप।

 

स्थानीय नागरिकों के मुताबिक, अवैध निर्माणों के कारण सरकार को राजस्व का नुकसान होने के साथ-साथ शहर की नियोजित विकास व्यवस्था भी प्रभावित होती है। उनका कहना है कि लाइफ लाइन हॉस्पिटल के निर्माण और वर्तमान में संचालित भवन की स्वीकृति, मानचित्र, भूमि उपयोग तथा अन्य आवश्यक अनुमतियों की जांच कराई जाए।

मेरठ: दिल्ली रोड के शंभू नगर में मानचित्र स्वीकृत के बिना होता तीन मंजिला निर्माण, अधिकारियों की कार्रवाई मोन।

मेरठ: दिल्ली रोड के शंभू नगर में मानचित्र स्वीकृत के बिना होता तीन मंजिला निर्माण, अधिकारियों की कार्रवाई मोन।

 

मेरठ संवाददाता :अक्षय चौधरी

Meerut: Three-storey construction underway in Shambhu Nagar on Delhi Road without approved map, officials silent on action.

 

मेरठ के दिल्ली रोड स्थित शंभू नगर में गुरुद्वारे से आगे तीसरी गली में नियमों को ताक पर रखकर तीन मंजिला बिल्डिंग का निर्माण कार्य जारी है।

 

जानकारी के अनुसार अवैध निर्माण कर्ता  का नाम राजेंद्र सिंह बताया जा रहा है। लगातार बिल्डर राजस्व को चोरी कर रहे है। और अधिकारियों को कानों कान खबर तक नहीं है या मानो खबर लेना ही न चाहते हो, मामला मेरठ विकास प्राधिकरण के प्रवर्तन खंड जोन सी 4 क्षेत्र का है जहां लगातार राजस्व की चोरी हो रही है एवं बिल्डर अपनी जेबें भरने में लगे हुए है। अवैध निर्माणों पर सुप्रीम कोर्ट के सख्त आदेशों की खुलकर धज्जियां उड़ाई जा रही हैं।