भगवा टी-शर्ट, कलावा पहनने वाले, नाम बदलकर व्यापार करने वाले विधर्मीयो पर कार्रवाई नहीं हुई तो बजरंग दल प्रदर्शन करने को उग्र होगा।

भगवा टी-शर्ट, कलावा पहनने वाले, नाम बदलकर व्यापार करने वाले विधर्मीयो पर कार्रवाई नहीं हुई तो बजरंग दल प्रदर्शन करने को उग्र होगा।

If action is not taken against the non-believers who wear saffron T-shirts, sacred thread and do business by changing their names, then Bajrang Dal will be ready to protest.

 

रिपोर्टर अक्षय चौधरी

 

विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल द्वारा नाम बदलकर या हिंदू नाम रखकर ठेला/दुकान लगाने वाले मामलों पर विरोध जताया है। विहिप अधिकारियों का कहना है कि इस तरह से मुस्लिम समुदाय के व्यक्ति ‘लव जिहाद’, थूक जिहाद, जैसे आदि जिहाद फैलाने का काम करते है।

 

बजरंग दल कार्यकर्ताओं का आरोप है कि कुछ लोग दूसरे संप्रदाय के होकर हिंदू नाम और भगवा टी-शर्ट पहनकर, हाथ में कलावा बांधकर वेज बिरयानी बेच रहे है। जिसकी तलाशी में कई कर्मचारियों का नाम मुस्लिम समुदाय का होना सामने आया, जिसके बाद हंगामा हुआ तथा बजरंग दल की टीम ने मेरठ के टीपी नगर गेट के सामने हनुमान मंदिर पर इस अभियान को शुरू किया।

 

मंदिर के 500 मीटर के दायरे में नॉनवेज की दुकान संचालित कर रहे सभी व्यापारियों को नॉनवेज की दुकान हटाने की चेतावनी दी। और जिन पर गलत नाम लिखे हुए है। उनसे सही नाम लिखने के लिए कहा गया। विहिप के महानगर संयोजक हिमांशु शर्मा ने कहा कि अगर इन सभी व्यापारियों ने सही नाम नहीं लिखवाए या मेरठ महानगर में हिंदू मंदिरों के 500 मीटर के दायरे में कही भी नॉनवेज की दुकानें संचालित मिली तो बजरंग दल मेरठ महानगर में प्रदर्शन करने को उग्र होगा।

 

इस दौरान महानगर विद्यार्थी प्रमुख विशाल धानक, गौ रक्षा प्रमुख पुनीत धानक, महानगर सह साप्ताहिक मिलन प्रमुख उज्ज्वल तायल, मिट्ठू कंसल, तुषार पंडित, देव वर्मा आदि उपस्थित रहे।

फर्म के जीएसटी नंबर का दुरुपयोग कर लाखों की ठगी का आरोप, व्यापारी ने एसएसपी से लगाई न्याय की गुहार!

फर्म के जीएसटी नंबर का दुरुपयोग कर लाखों की ठगी का आरोप, व्यापारी ने एसएसपी से लगाई न्याय की गुहार!

Accused of fraud of lakhs of rupees by misusing the GST number of the firm, the businessman appealed to the SSP for justic!

मेरठ अक्षय चौधरी

मेरठ के वैली बाजार निवासी व्यापारी दीपक बंसल, संचालक राधा कृष्ण गारमेंट्स, ने फर्म के नाम और जीएसटी नंबर का दुरुपयोग कर लाखों रुपये की धोखाधड़ी किए जाने का आरोप लगाया है। शिकायत में उन्होंने बताया कि वर्ष 2022 में उनकी दुकान के बोर्ड से फर्म का नाम और जीएसटी नंबर लेकर आरोपी बंटी टंडन, निवासी सरस्वती लोक, शिव मंदिर, मेरठ, ने दिल्ली से करीब 3.75 लाख रुपये का माल खरीदा, जिसकी भुगतान नहीं किया गया। अब बकाया रकम ब्याज सहित बढ़कर करीब 5.12 लाख रुपये बताई जा रही है, जिसका नोटिस व्यापारी दीपक बंसल को मिला है।

 

पीड़ित व्यापारी ने एसएसपी से मामले की निष्पक्ष जांच, आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने और दिल्ली के संबंधित व्यापारी को बुलाकर आमना-सामना कराने की मांग की है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि माल किसने खरीदा और पूरे धोखाधड़ी प्रकरण की सच्चाई सामने आ सके।

पत्नी के अवैध संबंध के चलते पति ने आत्महत्या की या उसकी हत्या हुई, पुलिस जांच कर रही

पत्नी के अवैध संबंध के चलते पति ने आत्महत्या की या उसकी हत्या हुई, पुलिस जांच कर रही।

The police are investigating whether the husband committed suicide or was murdered due to his wife’s illicit relationship.

बरेली विजय वर्मा

बरेली। बिथरी चैनपुर थाना क्षेत्र स्थित रामगंगा नगर कॉलोनी में युवक की संदिग्ध मौत ने इलाके में सनसनी फैला दी। मृतक सुमित की मौत को लेकर परिजनों ने बड़ा आरोप लगाया है कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि मानसिक प्रताड़ना और साजिश का नतीजा है। मामले में पत्नी काजल और उसके कथित प्रेमी निहाल सैनी को जिम्मेदार ठहराया गया है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

मृतक के चाचा बिजेंद्र कुमार ने बिथरी चैनपुर पुलिस को दी तहरीर में बताया कि सुमित की पत्नी के पड़ोस में रहने वाले युवक से नजदीकियां बढ़ गई थीं। जब सुमित को इस रिश्ते की भनक लगी और उसने विरोध किया, तो हालात और बिगड़ गए। आरोप है कि इसके बाद दोनों ने मिलकर सुमित को लगातार अपमानित करना और मानसिक रूप से तोड़ना शुरू कर दिया। उसे बार-बार आत्महत्या करने तक के लिए उकसाया जाता था।

 

परिवार का कहना है कि सुमित को इस हद तक प्रताड़ित किया गया कि वह टूट गया। उसे नपुंसक कहकर अपमानित किया गया और जिंदा रहने पर ताने दिए गए। यहां तक कहा गया कि मर जा, ताकि हम दोनों पति-पत्नी की तरह रह सकें। लगातार मिल रहे ऐसे जख्मों ने उसे अंदर से खत्म कर दिया। बताया गया कि 16 अप्रैल को सुमित अचानक घर छोड़कर चला गया था, जिसकी सूचना पुलिस को दी गई थी। हालांकि अगले दिन वह वापस लौट आया, लेकिन हालात नहीं बदले। मानसिक दबाव और तनाव लगातार बढ़ता गया।

 

24 अप्रैल की दोपहर उसकी पत्नी ने बहन को फोन कर फांसी लगाने की बात कही। लेकिन जब परिजन मौके पर पहुंचे तो सुमित का शव फंदे पर नहीं, बल्कि चारपाई पर पड़ा मिला। यही सबसे बड़ा सवाल बन गया अगर फांसी लगाई थी तो शव नीचे किसने उतारा, और तुरंत सूचना क्यों नहीं दी गई, इन सवालों के जवाब नहीं मिलने से मामला और गहरा गया है। जांच के दौरान काजल के पास से एक अलग कीपैड मोबाइल मिला, जिसे वह छुपाकर रखती थी। आरोप है कि इसी फोन से वह अपने प्रेमी से लगातार संपर्क में रहती थी। यह मोबाइल अब पूरे मामले की अहम कड़ी माना जा रहा है।

 

परिवार ने साफ तौर पर कहा है कि सुमित की मौत के पीछे गहरी साजिश है। उनका आरोप है कि मानसिक उत्पीड़न और रिश्तों के खेल ने उसकी जान ले ली। उन्होंने दोनों आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अब सबकी नजर इस पर है कि यह मौत आत्महत्या थी या इसके पीछे कोई बड़ा खेल छुपा है। इलाके में इस घटना को लेकर आक्रोश और चर्चा दोनों चरम पर हैं।

मेरठ: विश्व हिंदू परिषद, मातृशक्ति दुर्गा वाहिनी द्वारा चावली देवी इंटर कॉलेज ब्रह्मपुरी में सीता नवमी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। 

मेरठ: विश्व हिंदू परिषद, मातृशक्ति दुर्गा वाहिनी द्वारा चावली देवी इंटर कॉलेज ब्रह्मपुरी में सीता नवमी कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

Meerut: Sita Navami program was organized by Vishwa Hindu Parishad, Matrishakti Durga Vahini at Chawali Devi Inter College Brahmapuri.

मेरठ चीनू चौधरी

मेरठ: विश्व हिंदू परिषद, मातृशक्ति दुर्गा वाहिनी द्वारा चावली देवी इंटर कॉलेज ब्रह्मपुरी में सीता नवमी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें मुख्य वक्ता विभाग संयोजिका विचित्रा कौशिक जी का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ, कार्यक्रम का शुभारंभ अध्यक्षा सुरभि जी प्रधानाध्यापिका माय स्वीट होम पब्लिक स्कूल सदर, महानगर संयोजिका पायल जी व महानगर उपाध्यक्षा नीतू जी, ने दीप प्रज्वलित करते हुए किया।

मेरठ चीनू चौधरी

मंच संचालन महानगर सहसंयोजिका, मातृशक्ति बहन कविता जी ने किया। कार्यक्रम में शिप्रा जी महानगर संयोजिका तथा संगीता जी प्रखंड संयोजिका द्वारा माता सीता जी के जीवन पर प्रकाश डालते हुए सीता जी के सुंदर-सुंदर भजन किए गए।

विभाग संयोजिका विचित्रा जी ने कहा कि सीता नवमी सिर्फ धार्मिक पर्व नहीं है। ये नारी शक्ति, पर्यावरण और नैतिक मूल्यों का त्योहार है। सीता माता ने बताया कि सम्मान के बिना जीवन नहीं। हमारी बेटियां यही सीखें — यही कार्यक्रम का उद्देश्य है। त्याग, तपस्या, तप: सीता माता का आदर्श है सीता माता राजमहल में रहने वाली। सोने का महल, दास-दासी, हर सुख-सुविधा थी।

लेकिन जब श्रीराम को 14 साल का वनवास हुआ, तो सीता माता ने एक सेकंड में महल छोड़ दिया।उन्होंने कहा — “जहाँ राम, वहाँ मैं”।ये होता है त्याग। अपने सुख से बड़ा दूसरों का साथ। सीता माता सिखाती हैं कि परिवार और कर्तव्य सबसे पहले।जब माता सीता ने धरती माता — की गोद में समाधि ले ली, तो दुनिया को बताया — “स्वाभिमान से बड़ा कुछ नहीं”। ये है तप। अपने सम्मान के लिए सबसे बड़ा बलिदान।”जिसने वन में भी राजमहल सा धर्म निभाया,जिसने अशोक वाटिका में भी स्वाभिमान न गंवाया,वो धरती पुत्री माता सीता हम सबकी प्रेरणा हैं।

उन्होंने बताया बालक के चरित्र तथा व्यवहार के पूर्ण विकास का उत्तरदायित्व माता का ही होता है और उसे मातृत्व का निर्माण तभी संभव है जब हमारी बेटियां को स्व का बोध होगा। बेटियों को जानना होगा कि उनका होना अनमोल है सोशल मीडिया पर ठुमके लगाने वाली स्त्री भारत की नारी का चरित्र नहीं है वह तो माता सीता, गार्गी जी, अहिल्या माता, मैत्री जी की तरह महान है। हमें सीता माता के चरित्र का अनुकरण करना चाहिए हमें समझना चाहिए कि समाज में बदलाव तभी संभव है जब नारी ममतामयी मूरत के साथ-साथ एक योद्धा के रूप में समाज में तत्पर होगी।परिवार का महत्व बताते हुए उन्होंने कहा कि परिवार वही इकाई है जो स्त्री के प्रत्येक सुख-दुख में सदैव साथ होती है वह स्त्री ही है जो एक मकान को घर बनाती है वह बेटी के रूप में, बहू के रूप में,माता के रूप में, किसी भी रूप में पूजनीय होती है। माता सीता की आरती तथा पूर्ण मंत्र के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया।

मेरठ सेंट्रल मार्केट मामला: 1989 की अनियमितता से सुप्रीम कोर्ट के फैसले तक, अब ध्वस्तीकरण की बाध्यता।

मेरठ सेंट्रल मार्केट मामला: 1989 की अनियमितता से सुप्रीम कोर्ट के फैसले तक, अब ध्वस्तीकरण की बाध्यता।

Meerut Central Market case: From 1989 irregularities to Supreme Court verdict, now demolition is mandatory.

मेरठ अक्षय चौधरी

योगी सरकार ने प्रभावितों को दिए थे तीन विकल्प, नहीं बनी सहमति

सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भी राहत का रास्ता तलाशने में जुटी सरकार

21 अप्रैल, मेरठ। मेरठ के सेंट्रल मार्केट ध्वस्तीकरण का मामला एक दिन में नहीं बना, बल्कि इसकी जड़ें वर्ष 1989 तक जाती हैं। समय के साथ यह प्रकरण कई स्तरों पर भ्रष्टाचार, अनियमितताओं और राजनीतिक हीला-हवाले के आरोपों से घिरता रहा। अब जब मामला सुप्रीम कोर्ट के फैसले तक पहुंच चुका है, तो ध्वस्तीकरण की कार्रवाई अनिवार्य हो गई है। हालांकि, राज्य सरकार अब भी प्रभावितों को राहत दिलाने के लिए न्यायिक रास्ते तलाशने में जुटी है।

इस पूरे घटनाक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की भूमिका को लेकर भी सवाल उठाए गए, जबकि सरकार का दावा है कि उन्होंने शुरुआत से ही प्रभावितों के हित में समाधान निकालने का प्रयास किया। सेंट्रल मार्केट के व्यापारियों से मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री योगी की ओर से प्रभावितों को तीन विकल्प दिए गए थे, ताकि उन्हें नुकसान से बचाया जा सके और कानूनी जटिलताओं के बीच कोई व्यवहारिक रास्ता निकले।

सरकार ने व्यापारियों को दिए थे तीन विकल्पपहले विकल्प के तहत प्रभावितों से कहा गया था कि वे स्वयं सरकार के साथ मिलकर पक्षकार बनें, जिससे न्यायालय में उनका पक्ष मजबूत हो सके। दूसरे विकल्प में आवास विकास विभाग द्वारा निर्धारित कंपाउंडिंग शुल्क जमा करने की सलाह दी गई थी, ताकि नियमों के अनुरूप समाधान खोजा जा सके और ध्वस्तीकरण को रोक जा सके। तीसरा विकल्प यह था कि सुप्रीम कोर्ट के संभावित रुख को ध्यान में रखते हुए सेंट्रल मार्केट को छोड़ने का निर्णय लिया जाए और सरकार की पुनर्वास योजना को स्वीकार किया जाए, जिसके तहत सभी प्रभावितों के पुनर्वास की जिम्मेदारी राज्य सरकार उठाने को तैयार थी।

नहीं बन पाई सहमतिहालांकि, इन तीनों विकल्पों पर सहमति नहीं बन सकी। इसके चलते मामला पूरी तरह न्यायालय के अंतिम निर्णय पर निर्भर हो गया। सुप्रीम कोर्ट ने नियमों और कानून के प्रावधानों का हवाला देते हुए जब ध्वस्तीकरण का आदेश दिया, तो प्रशासन के सामने इसे लागू करने की अपरिहार्य स्थिति बन गई।

सरकारों ने दिया अप्रत्यक्ष तौर पर संरक्षणराजनीतिक परिप्रेक्ष्य में भी यह मुद्दा लगातार चर्चा में है। आरोप हैं कि पूर्ववर्ती सरकारों जनता दल, समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी के कार्यकाल में इस तरह के निर्माणों को न केवल नजरअंदाज किया गया, बल्कि कई मामलों में अप्रत्यक्ष तौर पर संरक्षण भी मिला। विशेष रूप से वर्ष 2013 से 2017 के बीच ऐसे उदाहरण सामने आए, जिनमें नियमों को दरकिनार कर निर्माण कार्य होते रहे। अब वही पक्ष वर्तमान सरकार पर सवाल उठा रहे हैं, जबकि सरकार खुद को प्रभावितों के पक्ष में खड़ा बता रही है।

सवालों के घेरे में लोकेश खुराना की भूमिकामामले में कुछ व्यक्तियों की भूमिका को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं, जिनमें लोकेश खुराना जैसे नामों का उल्लेख किया जा रहा है, जिन पर जनहित याचिकाओं के माध्यम से ऐसे मामलों में हस्तक्षेप कर लाभ लेने के आरोप लगते रहे हैं।

अब भी कानूनी विकल्प तलाशने में जुटी है राज्य सरकारफिलहाल, सुप्रीम कोर्ट के स्पष्ट आदेश के बाद सेंट्रल मार्केट का ध्वस्तीकरण टलना संभव नहीं दिख रहा, लेकिन राज्य सरकार अब भी कानूनी और प्रशासनिक स्तर पर ऐसे विकल्पों की तलाश में जुटी है, जिससे प्रभावितों को अधिकतम राहत मिल सके। वर्षों पुराने इस विवाद का समाधान अब कानून के दायरे में ही तय होगा, लेकिन इसके सामाजिक और आर्थिक प्रभावों को कम करने की चुनौती सरकार के सामने बनी हुई है।

लघु सिंचाई विभाग का गोल-माल, अधिकारियों की मिलीभगत से घटिया सामग्री से हो रहा निर्माण, अधिकारी की कार्रवाई मोन।

लघु सिंचाई विभाग का गोल-माल, अधिकारियों की मिलीभगत से घटिया सामग्री से हो रहा निर्माण, अधिकारी की कार्रवाई मोन।

The Minor Irrigation Department is in a mess, construction is being carried out using substandard materials with the connivance of officials, and the officials are silent on the action taken.

बुलंदशहर मनोज उज्जवल।

बुलंदशहर: लघु सिंचाई विभाग बुलंदशहर आलमगीरपुर नैनसुख ग्राम पंचायत में तालाब के सौदियाकरण में बहुत सारी अनियमिताएं हैं जिसकी शिकायत ग्राम प्रधान ने उच्च अधिकारियों से की है।

ग्राम प्रधान का कहना है कि लघु सिंचाई विभाग द्वारा तालाब का जो सौदियाकरण किया जा रहा है उसमें घटिया सामग्री का निर्माण किया जा रहा है जबकि कार्य पूर्ण नहीं किया गया है।

लघु सिंचाई के अधिकारियों द्वारा मौके पर जाकर तालाब की कोई जांच नहीं की गई कार्य पूर्ण नहीं किया गया उसके बात भी ठेकेदार का पूरा भुगतान कर दिया गया मौके पर 50% कार्य पूरा भी नहीं किया गया।

उसके बाद भी अधिकारियों ने तालाब का पूरा भुगतान किस बेस पर किया गया है यह जांच का विषय है जबकि कार्य पूर्ण होने की स्थिति 20 4.2026 थी ग्राम प्रधान द्वारा बार-बार शिकायत करने के बाद भी अधिकारियों पर कोई असर नहीं हुआ तालाब सौदियाकरण की किसी दूसरे विभाग से जांच कर दी जाए और जो 31 मार्च 2026 से पहले पूर्ण भुगतान किया गया है उसको वापस कराया जाए।

अधिकारियों को सस्पेंड किया जाए और ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट किया जाए अगर मुख्यमंत्री को इसकी शिकायत कर दी गई है अगर शिकायत में लघु सिंचाई के अधिकारियों व ठेकेदार के खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं की जाती तो तीन दिन बाद हम कोर्ट की शरण में चले जाएंगे।

चारधाम यात्रा-2026, कांवड़ मेला एवं कुंभ मेला-2027 की तैयारियों के तहत चलाए जा रहे अतिक्रमण हटाओ अभियान के अंतर्गत शनिवार को उप मेला अधिकारी श्री आकाश जोशी के नेतृत्व में गठित टीम द्वारा पंतद्वीप क्षेत्र में व्यापक कार्रवाई की गई।

चारधाम यात्रा-2026, कांवड़ मेला एवं कुंभ मेला-2027 की तैयारियों के तहत चलाए जा रहे अतिक्रमण हटाओ अभियान के अंतर्गत शनिवार को उप मेला अधिकारी श्री आकाश जोशी के नेतृत्व में गठित टीम द्वारा पंतद्वीप क्षेत्र में व्यापक कार्रवाई की गई।

Under the anti-encroachment drive being run as part of the preparations for Chardham Yatra-2026, Kanwar Mela and Kumbh Mela-2027, extensive action was taken in the Pantdweep area on Saturday by a team formed under the leadership of Deputy Mela Officer Mr. Akash Joshi.

उत्तराखण्ड सनी वर्मा

 

उप मेलाधिकारी श्री जोशी ने बताया कि इस संयुक्त अभियान में नगर निगम, हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण, सिंचाई विभाग, लोक निर्माण विभाग एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सहभागिता की। अभियान के दौरान टीम ने अवैध अतिक्रमण कर बनाई गई 35 अस्थायी दुकानों एवं 57 रेहड़ियों को हटाया।

उत्तराखण्ड सनी वर्मा

प्रशासन द्वारा स्पष्ट किया गया है कि अतिक्रमण के विरुद्ध यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा तथा किसी भी प्रकार के अवैध कब्जे को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने की ‘खालसा हेल्प फाउंडेशन’ के सेवा कार्यों की सराहना, राष्ट्रीय अध्यक्ष हरप्रीत मान को किया अपने आवास पर सम्मानित

पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने की ‘खालसा हेल्प फाउंडेशन’ के सेवा कार्यों की सराहना, राष्ट्रीय अध्यक्ष हरप्रीत मान को किया अपने आवास पर सम्मानित

Former Chief Minister Akhilesh Yadav praised the service work of ‘Khalsa Help Foundation’ and honored National President Harpreet Mann at his residence.

मेरठ अक्षय चौधरी

समाज सेवा के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय मेरठ की प्रसिद्ध संस्था ‘खालसा हेल्प फाउंडेशन’ के कार्यों की गूँज अब प्रदेश की राजधानी तक पहुँच गई है। उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अखिलेश यादव ने संस्था द्वारा किए जा रहे मानवीय कार्यों से प्रभावित होकर संस्था के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री हरप्रीत मान और उनकी टीम को दिल्ली स्थित अपने आवास पर आमंत्रित किया।

संस्था ने पगड़ी पहनाकर किया स्वागत

मुलाकात के दौरान संस्था के संस्थापक व राष्ट्रीय अध्यक्ष हरप्रीत मान ने माननीय अखिलेश यादव जी को पारंपरिक सिख मर्यादा के अनुसार पगड़ी पहनाकर उनका सम्मान और आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर हरप्रीत मान ने अखिलेश यादव को संस्था की गतिविधियों और सामाजिक कार्यों पर आधारित एक पत्रिका भी भेंट की, जिस पर विस्तार से चर्चा हुई।

अखिलेश यादव ने की प्रशंसा

मेरठ अक्षय चौधरी

संस्था के कार्यों की सराहना करते हुए श्री अखिलेश यादव ने कहा, “मैं आपके द्वारा किए जा रहे सेवा कार्यों से पहले से ही अवगत हूँ। आप और आपकी टीम समाज के वंचित वर्गों के लिए अत्यंत सराहनीय कार्य कर रही है।” उन्होंने विशेष रूप से सिख समाज द्वारा मानवता की सेवा में दिए जाने वाले निस्वार्थ योगदान की प्रशंसा की।

फाउंडेशन ने जताया आभार

इस गौरवपूर्ण सम्मान के मिलने पर हरप्रीत मान ने कहा कि माननीय अखिलेश यादव जी के उत्साहवर्धन से पूरी टीम में नया जोश भरा है। खालसा हेल्प फाउंडेशन उनके स्नेह और सम्मान के लिए हृदय से आभार व्यक्त करता है। संस्था भविष्य में भी इसी समर्पण के साथ समाज सेवा के संकल्प को जारी रखेगी।

चारधाम यात्रा को निर्विघ्न,सुरक्षित एवं सकुशल ढंग से सम्पन्न कराने के लिए आज हर की पैड़ी पर आयुक्त गढ़वाल मण्डल विनय शंकर पांडे एवं आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप ने मां गंगा की पूजा अर्चना कर कुशल यात्रा संचालन की प्रार्थना

चारधाम यात्रा को निर्विघ्न,सुरक्षित एवं सकुशल ढंग से सम्पन्न कराने के लिए आज हर की पैड़ी पर आयुक्त गढ़वाल मण्डल विनय शंकर पांडे एवं आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप ने मां गंगा की पूजा अर्चना कर कुशल यात्रा संचालन की प्रार्थना

To ensure smooth, safe and secure completion of the Chardham Yatra, Garhwal Division Commissioner Vinay Shankar Pandey and Garhwal IG Rajiv Swaroop prayed to Mother Ganga at Har Ki Pauri today and prayed for the smooth conduct of the Yatra.

हरिद्वार सनी वर्मा

चारधाम यात्रा शुरू होने से एक दिन पूर्व आयुक्त गढ़वाल मंडल विनय शंकर पांडे,आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर ने हर की पैड़ी में मां गंगा की पूजा अर्चना कर चार धाम यात्रा को निर्विघ्न,सुरक्षित एवं कुशलता पूर्वक संपन्न कराने के लिए मां गंगा से प्रार्थना की।

     इस अवसर पर मां गंगा की पूजा अर्चना करते हुए आयुक्त गढ़वाल मंडल ने कहा कि हरिद्वार को चारधाम यात्रा का प्रवेश द्वार माना जाता है और यहीं से बड़ी संख्या में श्रद्धालु आगे की यात्रा के लिए रवाना होते हैं, ऐसे में प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है, कमिश्नर ने बताया कि जिलाधिकारी मयूर दीक्षित और एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर लगातार व्यवस्थाओं की मॉनिटरिंग कर रहे हैं और हर स्तर पर तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा चुका है, ऋषिकुल मैदान में रजिस्ट्रेशन काउंटर स्थापित किए गए हैं जहां यात्रियों की सुविधा के लिए विशेष प्रबंधन किए गए हैं।

    उन्होंने कहा कि चार दहन यात्रा के दौरान कही ओवर रेटिंग न हो ,मौसम की जानकारी यात्रियों समय समय पर मिलती रहे,सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित कराई गई है।

     उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष करीब 51 लाख श्रद्धालुओं ने चारधाम यात्रा की थी जबकि इस बार यात्रा शुरू होने से पहले ही 18 लाख से अधिक श्रद्धालु ऑनलाइन पंजीकरण करा चुके हैं, आंकड़ों से साफ है कि इस बार भी यात्रा में भारी भीड़ की संभावना है, ऐसे में सुरक्षा, ट्रैफिक और सुविधाओं को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।

     इस अवसर पर श्रीगंगा सभा के अध्यक्ष नितिन गौतम, महामंत्री तन्मय वशिष्ठ, सीओ सिटी शिशुपाल सिंह नेगी,उप जिलाधिकारी जितेंद्र कुमार, सिटी मजिस्ट्रेट कुश्म चौहान सहित श्री गंगा सभा के पदाधिकारी मौजूद रहे।

जनपद में खाद्य पदार्थों में किसी भी प्रकार से कोई मिलावट न हो, इसके लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने खाद्य सुरक्षा विभाग को निरंतर छापेमारी की कार्यवाही के निर्देश दिए गए है

जनपद में खाद्य पदार्थों में किसी भी प्रकार से कोई मिलावट न हो, इसके लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने खाद्य सुरक्षा विभाग को निरंतर छापेमारी की कार्यवाही के निर्देश दिए गए है

To ensure that there is no adulteration of food items in the district, District Magistrate Mayur Dixit has directed the Food Safety Department to conduct continuous raids.

हरिद्वार सनी वर्मा

 

चार धाम यात्रा पर आने वाले तीर्थ यात्रियों को शुद्ध एवं गुणवत्ता युक्त खाद्य प्रदार्थ उपलब्ध हो तथा खाद्य पदार्थों में किसी प्रकार की कोई मिलावट न हो इसके लिए खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा की गई छापेमारी की कार्यवाही

हरिद्वार सनी वर्मा

 

 

 

   चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं को शुद्ध एवं गुणवत्ता युक्त खाद्य प्रदार्थ उपलब्ध हो तथा खाद्य प्रदार्थ में किसी प्रकार की कोई मिलावट एवं ओवर रेटिंग न हो इसके लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने खाद्य सुरक्षा विभाग को जनपद ने संचालित हो रहे होटल,ढाबों,दुकानों एवं रेस्टोरेंट में निरंतर छापेमारी कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।

 

      सहायक आयुक्त खाद्य आयुक्त महिमानंद जोशी ने अवगत कराया है आयुक्त, खाद्य सुरक्षा उत्तराखंड देहरादून सचिन कुर्वे एवं जिलाधिकारी हरिद्वार मयूर दीक्षित द्वारा दिए गए निर्देशों के क्रम में चार धाम यात्रा 2026 को देखते हुए जनपद हरिद्वार में लगातार कार्रवाही की जा रही है इसी क्रम में आज दिनांक 17.04.2026 को जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी महिमानन्द जोशी द्वारा दिये गये आदेश के कम में खाद्य सुरक्षा अधिकारी नगर निगम हरिद्वार, श्री कैलाश टम्टा द्वारा रोड़ी बेल वाला, ज्वालापुर एवं सीतापुर आदि क्षेत्रों में लगभग 10 से 12 खाद्य प्रतिष्ठानों जैसे-होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा एवं फुटकर विक्रेता आदि का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कुल 03 खाद्य प्रतिष्ठानों को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 की धारा 55 के तहत नोटिस दिए गए। साथ ही खाद्य विक्रेताओं को अपने प्रतिष्ठान पर खाद्य लाईसेन्स एवं फूड सेफ्टी डिस्प्ले बोर्ड चस्पा करने के निर्देश दिये गये, जिसमें विभागीय टोल फ्री नम्बर अंकित हो।

      इसी क्रम में खाद्य सुरक्षा अधिकारी, रूडकी / भगवानपुर, पवन कुमार द्वारा नगर निगम क्षेत्र रूडकी में विभिन्न होटल एवं रेस्टोरेंट का निरीक्षण किया गया, जिसमें खाद्य सुरक्षा एवं मानव अधिनियम 2006 के तहत मानकों के तहत कार्मिकों के स्वास्थ्य प्रमाण पत्र, पेस्ट कंट्रोल की रिपोर्ट एवं पानी की जांच रिपोर्ट सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया गया। साथ ही विभिन्न होटलों एवं रेस्टोरेंट में कार्यरत कार्मिकों की फोस्टेग ट्रेनिंग के लिए भी निर्देशित किया गया। सभी होटल एवं रेस्टोरेंट खाद्य कारोबारी द्वारा अपने कार्मिकों की फॉस्ट्रेक ट्रेनिंग हेतु सहमति दी गई।

     चारधाम यात्रा 2026 के दृष्टिगत विभाग द्वारा उपरोक्त कार्यवाही सम्पूर्ण जनपद में लगातार जारी रहेगी।